A K SAXENA
बाबाजी का श्री मोहन भागवत जी को अखंड भारत और सनातन धर्म के उत्थान के लिए उपदेश और आशीर्वाद , विंध्याचल आश्रम
२८ जनवरी 2020 में श्री मोहन भागवत बाबाजी के विंध्याचल आश्रम में आए थे आए थे बाबा जी ने उनको अखंड भारत के उदय के लिए संकल्प कराया । इससे पहले भागवत जी ने बाबा जी के आदेशानुसार हनुमान जी को ५१.२५ मन लड्डुओं का प्रसाद लगाते समय यह संकल्प लिया और हनुमानजी से बाबाजी के निर्देशानुसार प्रार्थना की , कि कैलाश मानसरोवर जो कि भारत का अभिन्न अंग रहा है , उसको भारत में चीन से दोबारा वापस लाना होगा । बाबा जी ने भागवत जी को बताया कि यह कार्य उनकी सरकार के द्वारा नहीं होना है बल्कि आध्यात्मिक शक्तियों के द्वारा संपन्न कराया जाएगा जिसकी विस्तृत जानकारी अभी किसी को दे नहीं सकते परंतु बाबा जी ने उन्हें स्पष्ट बताया कि यह भगवान राम का कार्य है और भगवान राम के सारे कार्य हनुमान जी स्वयं संपन्न करते हैं बाबा जी ने भागवत जी को बताया कि हनुमान जी का पिछले तीन महीनों से लगातार सैकड़ों मन लड्डुओं के प्रसाद और राम नाम परा वाणी अर्पण के कारण देश के बहुत सारे कार्य सिद्ध हुए हैं बाबा जी ने बताया कि अयोध्या में हनुमानगढ़ी में हनुमान जी की पूजा अर्चना के तुरंत बाद सुप्रीम कोर्ट में दायर राम जन्म भूमि संबंधित सारे रिव्यू पिटीशन एक ही बार में डिसमिस हो गए और राम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर बनाने का मार्ग हनुमान जी ने प्रशस्त करवा दिया । बनारस के संकट मोचन मंदिर में 11:15 मन प्रसाद लगने के उपरांत वहां के हनुमान जी ने पाकिस्तान और उसके आतंकवाद को समाप्त करने का बीड़ा उठा लिया है । मकर सक्रांति को बाबाजी के पटना स्थित श्री देवराहा हंस बाबा सिद्ध आश्रम में स्थित हनुमानजी के प्रसाद लगाने के उपरांत वहां के हनुमान जी ने नागरिकता कानून के विरोध में हो रहे देशद्रोही आंदोलनों को शांत करने का कार्य अपने ऊपर ले लिया है । विंध्याचल स्थित बाबा जी के आश्रम के श्री देवरहा बाबा मंच धाम में स्तिथ हनुमानजी ने कैलाश मानसरोवर को भारत में वापिस लाने का निर्णय ले लिया है। बाबाजी ने भागवत जी को स्पष्ट बताया कि वह केवल बताते ही नहीं है , करवाते भी हैं । बाबाजी ने कहा कि जब जब धर्म ( सत्य सनातन धर्म ) पर संकट आता है भगवान स्वयं अवतरित होते हैं या महायोगियों के अंतकरण में स्तिथ हो कर धर्म की रक्षा करते हैं । यह आदिकाल से होता रहा है । बाबाजी ने कहा कि ब्रह्मऋषि श्री देवरहा बाबा जी ने उन्हें यह कार्य ( अखंड भारत का उदय और सनातन धर्म का उत्थान और वैश्वीकरण ) सौंपा है और देवरहा बाबाजी ही इन सर्वोच्च कार्यों को उनके अन्तःकरण में बैठ कर करवा रहे हैं । देवरहा बाबाजी के सारे संकल्प हमेशा सिद्ध हुए हैं और आगे भी होंगे । बाबाजी ने बताया कि राजनीतिक शासक का अनुकूल होना आवशयक होता है इसलिए आध्यात्मिक शक्तियों के द्वारा मोदी को देश का शासक बनने के लिए २००२ से तैयार किया जा रहा था । बाबाजी ने बताया कि उन्होंने मोदीजी को श्रीमती सुषमा अग्रवाल बीजेपी सूरत के द्वारा २००२ से कई बार गुजरात में बाबाजी का प्रसाद भेजा गया था और आज भी भेजा जा रहा है । इस को मोदी जी और भागवत जी समझे या ना समझे , पर हम लोग जो कि आश्रम में रहते हैं बहुत अच्छी तरह से जानते हैं कि मोदी कि २०१४ और २०१९ की लोकसभा में असाधारण विजय बाबाजी के द्वारा हनुमानजी के आवाहन के द्वारा ही संभव हुई थी । हम लोगों का राजनीति और राजनेताओं से कुछ भी लेना देना नहीं और कोई जाने या ना जाने इससे भी कोई अंतर नहीं पड़ता पर मुझे व्यक्तिगत रूप से यह बहुत बड़ा संतोष होता है कि बाबाजी के सानिध्य में रहकर मैंने अखंड भारत के उदय और सनातन धर्म के वैश्वीकरण होते हुए देखा हैं । मैंने हजारों बार अपने फेसबुक अकाउंट पर और अन्यत्र भी पिछले तीन सालों में लिखा है कि भारत के अखंड बनने और सनातन धर्म के वैश्वीकरण होने के अत्यंत महत्वपूर्ण कार्यों को करने और करवाने वाले महापुरुष केवल और केवल हमारे बाबाजी हैं और इसमें किसी अन्य साधु या संत या राजनेता का कोई भी बड़ी आध्यात्मिक भूमिका नहीं है ना होगी । हमारे हंस बाबा जी ही देवरहा बाबा हैं और उन्होंने मुझे कई बार बताया कि अगर कोई उनको साधारण मानव या केवल मानव समझता है तो बोह परम मूर्ख है । बाबाजी तिब्बत के पास स्तिथ परम गुप्त आध्यात्मिक स्थल ज्ञानगंज की सिद्ध संतों की टोली के मुखिया है । मेरा पच्चीस वर्षों का अनुभव है कि बाबाजी के शब्द घटनाओं में हमेशा परिवर्तित होते हैं । इस बात को भी शायद ही कोई समझ पाएगा कि बाबाजी भगवान कृष्ण के परमप्रिय आध्यात्मिक सखा है पर हम लोग इसको कुछ कुछ समझते है क्योंकि इसके बहुत से प्रमाण अनुभव जगत में हमें मिले हैं और मिलते रहेंगे ।
बाबाजी ने भागवत जी को बताया की अखंड भारत के उदय के लिए सनातन धर्म का उत्थान होना आवश्यक है और यह होना ही होना है । बाबाजी ने बताया कि किसी भी देश को जर्जर करना हो तो आध्यात्मिक शक्तियों के द्वारा उस देश की आर्थिक व्यवस्था को बहुत दुर्बल किया जाता है । पाकिस्तान की आर्थिक व्यवस्था बर्बाद हो चुकी है और पाकिस्तान के अस्तित्व के समाप्त होने की बात तय है । पिछले २० दिनों में चीन में ऐसा कुछ हुआ है कि ७५ करोड़ चीन के नागरिक अपने घरों में बंद हैं । ऐसा प्रतीत होता है कि कोरोना के अतिरिक्त और भी कई ऐसे कारण पैदा होंगे जिससे चीन की आर्थिक व्यवस्था बहुत कमजोर हो जाएगी । बाबाजी ने मुझे लगभग दस साल पहिले बताया था कि चीन की सारी अकड़ समाप्त होगी और उनको आध्यात्मिक भारत से मदद की याचना करनी होगी । बाबाजी कई वर्षों से मुझे बता रहें कि भगवान शंकर का कैलाश मानसरोवर भारत में आ कर ही रहेगा । अब आध्यात्मिक शक्तियां तीव्र गति से कार्य कर रही और इसका समय जब भी हो , आएगा शीघ्र ही । हम लोग बाबाजी के सानिध्य में रहकर यह जान चुके हैं ना तो कोई व्यक्ति ना कोई देश सुपर पॉवर है ना होगा । केवल और केवल भगवान कृष्ण ही परमशक्ति शाली हैं और कोई कोई नहीं और भगवान कृष्ण को केवल दास भाव से पूर्ण शरणागति के द्वारा और गौसेवा के द्वारा और सदगुरु की अहैतुकी कृपा के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है ।
बाबाजी का भागवत जी को लगभग दो घंटे के ऐतिहसिक उपदेश वीडियो को विंध्याचल आश्रम में बहुत कमजोर इंटरनेट के कारण अभी शेयर नहीं कर पा रहे हैं और कहीं दूसरे स्थान से इस को इस पोस्ट में एड करके बाद में शेयर किया जाएगा ।

